- UP:-31 साल तक फरार रहे खालिस्तानी आतंकी छिंदा की जमानत खारिज | दैनिक सच्चाईयाँ

Friday, 10 April 2026

UP:-31 साल तक फरार रहे खालिस्तानी आतंकी छिंदा की जमानत खारिज

जमानत मिलने के बाद 31 साल तक फरार रहने वाले खालिस्तान कमांडो फोर्स (केसीएफ) के आतंकवादी सुखविंदर सिंह ढिल्लों उर्फ दयाल सिंह उर्फ राकेश शर्मा उर्फ छिंदा की जमानत पर अपर सत्र न्यायाधीश नीरज गौतम की अदालत में शुक्रवार को सुनवाई हुई।

अदालत ने आतंकी की जामनत अर्जी खारिज कर दी। वह केसीएफ का सक्रिय सदस्य रहा है। सुखविंदर के खिलाफ नोएडा के सेक्टर-20 थाने में वर्ष 1993 में धारा आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ था। उसके पास से एके-56 राइफल और 121 कारतूस बरामद हुए थे।

आतंकी सुखविंदर नौ दिसंबर 1993 को उसे जमानत मिलने के बाद से फरार चल रहा था। सुरक्षा एजेंसियां उसकी तलाश कर रहीं थीं। उत्तर प्रदेश की एटीएस की टीम ने गौतमबुद्ध नगर पुलिस के साथ 19 फरवरी 2026 को संयुक्त रूप से कार्रवाई कर आतंकवादी को पकड़ा लिया था। वह कपूरथला, पंजाब का निवासी है। केसीएफ को आतंकी गतिविधियों के कारण प्रतिबंधित संगठन घोषित किया गया है।

आरोपित के खिलाफ 18 अप्रैल 1993 में नोएडा के थाना सेक्टर-20 में एके-56 राइफल और 121 कारतूस सहित गिरफ्तारी के बाद केस दर्ज हुआ था। वह पंजाब से भागकर गौतमबुद्ध नगर जिले में छिपकर रह रहा था। अदालत ने उसकी गिरफ्तारी के लिए वारंट जारी कर दिया था। वह पंजाब के मोहाली के खरड़ इलाके में छिपा हुआ था। उसके खिलाफ गौतमबुद्ध नगर, पंजाब के कपूरथला, जालंधर और फगवाड़ा में कुल आठ मामले दर्ज हैं।

अदालत ने माना कि अभियुक्त के विरुद्ध उसकी अनुपस्थिति के कारण दिनांक 26 अप्रैल 2000 को गैर जमानती वारंट और उसके बाद सात नवंबर 2000 को धारा 82 एवं 83 की कार्यवाही शुरू की गई। अभियुक्त के खिलाफ इस प्रकरण के अतिरिक्त सात अन्य आपराधिक वाद और पंजीकृत होने बताए गए हैं। इनमें दो आपराधिक वाद धारा 302 और एक आपराधिक वाद धारा 307 के तहत दर्ज है।

अभियुक्त अन्य प्रकरणों में दोषमुक्त हुआ हो ऐसा कोई प्रपत्र बचाव पक्ष की ओर से प्रस्तुत नहीं किया गया है। अभियुक्त के कब्जे से एके 56 राइफल और कारतूस बरामद किए गए हैं। अदालत ने कहा कि परिस्थिति, अपराध की गंभीरता और अभियुक्त के आपराधिक इतिहास को ध्यान में रखते हुए जमानत पर रिहा किए जाने का आधार पर्याप्त नहीं है। ऐसे में सुखविन्दर सिंह ढिल्लो की जमानत याचिका खारिज की जाती है।

Post a Comment

Whatsapp Button works on Mobile Device only

Start typing and press Enter to search

Do you have any doubts? chat with us on WhatsApp
Hello, How can I help you? ...
Click me to start the chat...